नई दिल्ली: शेयर बाजार में उतार-चढ़ाव के बीच लंबी अवधि तक निवेश करने वालों के लिए इक्विटी म्यूचुअल फंड एक बार फिर चर्चा में हैं। हालिया बाजार आंकड़ों के विश्लेषण से पता चलता है कि पिछले पांच वर्षों के दौरान कई इक्विटी म्यूचुअल फंड्स ने निवेशकों को 100 प्रतिशत या उससे अधिक का रिटर्न दिया है। उपलब्ध आंकड़ों के अनुसार, 212 इक्विटी योजनाओं में से 52 योजनाओं ने इस अवधि में निवेशकों की पूंजी को दोगुना या उससे अधिक बढ़ाया। हालांकि, यह आंकड़ा जितना आकर्षक दिखाई देता है, उतना ही महत्वपूर्ण यह समझना भी है कि हर निवेशक को भविष्य में ऐसे ही रिटर्न मिलने की कोई गारंटी नहीं होती। म्यूचुअल फंड का प्रदर्शन बाजार की स्थिति, फंड मैनेजर की रणनीति और निवेश अवधि जैसे कई कारकों पर निर्भर करता है।
आखिर किन फंड्स ने बेहतर प्रदर्शन किया?
पिछले कुछ वर्षों में मिडकैप और स्मॉलकैप कंपनियों में तेज़ी का असर कई इक्विटी म्यूचुअल फंड्स के प्रदर्शन पर भी दिखाई दिया। जिन निवेशकों ने बाजार के उतार-चढ़ाव के बावजूद अपना निवेश बनाए रखा, उन्हें लंबी अवधि में बेहतर रिटर्न मिलने की संभावना अधिक रही।
क्या सिर्फ पुराने रिटर्न देखकर निवेश करना सही है?
वित्तीय विशेषज्ञों का मानना है कि किसी भी म्यूचुअल फंड का पिछला प्रदर्शन केवल एक संकेत हो सकता है, भविष्य की गारंटी नहीं। निवेश से पहले फंड का जोखिम स्तर, निवेश का उद्देश्य, पोर्टफोलियो की गुणवत्ता, फंड मैनेजर का ट्रैक रिकॉर्ड और अपनी वित्तीय जरूरतों का मूल्यांकन करना जरूरी है।
नए निवेशकों के लिए क्या सीख?
यदि आप पहली बार इक्विटी म्यूचुअल फंड में निवेश करना चाहते हैं, तो एकमुश्त बड़ी राशि लगाने के बजाय SIP के माध्यम से नियमित निवेश पर विचार किया जा सकता है। इससे बाजार की अस्थिरता का प्रभाव कुछ हद तक संतुलित किया जा सकता है। साथ ही, निवेश का लक्ष्य कम से कम 5 से 7 वर्ष का रखने पर बेहतर परिणाम मिलने की संभावना रहती है।
निष्कर्ष
100 प्रतिशत से अधिक रिटर्न देने वाले फंड्स यह जरूर दिखाते हैं कि लंबी अवधि में इक्विटी म्यूचुअल फंड संपत्ति निर्माण का प्रभावी माध्यम बन सकते हैं। लेकिन समझदारी इसी में है कि निवेश का निर्णय केवल आकर्षक रिटर्न देखकर नहीं, बल्कि अपने वित्तीय लक्ष्य और जोखिम उठाने की क्षमता को ध्यान में रखकर लिया जाए।
डिस्क्लेमर: यह लेख केवल जानकारी और शिक्षा के उद्देश्य से है। म्यूचुअल फंड निवेश बाजार जोखिमों के अधीन हैं। निवेश से पहले योजना से जुड़े सभी दस्तावेज़ ध्यान से पढ़ें।
“देश-दुनिया की हर बड़ी और भरोसेमंद खबर के लिए पढ़ें Vartahub“




